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कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद से मिले मोदी, व्यापार समझौता जल्द पूरा करने पर ज़ोर

कनाडा की विदेश मंत्री ने बुधवार को प्रधानमंत्री और एस. जयशंकर से मुलाकात की। दोनों पक्षों ने कहा कि रिश्तों में आई गर्मजोशी को ठोस नतीजों में बदलना है, और शुरुआत व्यापार समझौते से हो।

संपादकीय डेस्क से · नई दिल्लीप्रकाशित
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद (फ़ाइल फ़ोटो)
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद (फ़ाइल फ़ोटो)Photos: Narendra Modi / Wikimedia Commons; Joey Coleman / Wikimedia Commons, CC BY 2.0 and CC BY-SA 2.0

मुख्य बातें

  1. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अनीता आनंद से मुलाकात में भारत-कनाडा सीईपीए जल्द पूरा करने की बात कही।
  2. जयशंकर और आनंद ने नई दिल्ली में रक्षा, ऊर्जा, व्यापार और शिक्षा में सहयोग की समीक्षा की।
  3. कोई समझौता नहीं हुआ; दोनों देश 2026 के अंत तक व्यापार समझौता पूरा करना चाहते हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद से कहा कि दोनों देशों को रिश्तों में हाल की गर्मजोशी को नतीजों में बदलना चाहिए, और इसकी शुरुआत मुक्त व्यापार समझौते पर बातचीत जल्द पूरी करने से हो।

कामकाजी दौरे पर नई दिल्ली आईं आनंद ने दिन में विदेश मंत्री एस. जयशंकर से भी बातचीत की। किसी भी बैठक में कोई समझौता नहीं हुआ, लेकिन दोनों सरकारों ने संकेत दिया कि वे लगातार हो रही उच्च स्तरीय मुलाकातों से अब ठोस नतीजे चाहती हैं।

व्यापार पर ज़ोर

प्रधानमंत्री कार्यालय के मुताबिक मोदी और आनंद ने व्यापार, विज्ञान और तकनीक, रक्षा, सुरक्षा, ऊर्जा, शिक्षा और लोगों के बीच संपर्क पर चर्चा की, और क्षेत्रीय व वैश्विक घटनाक्रम पर विचार साझा किए। मोदी ने रिश्तों की रफ्तार को ठोस नतीजों में बदलने पर ज़ोर दिया, जिसमें व्यापक आर्थिक भागीदारी समझौते (सीईपीए) पर बातचीत जल्द पूरी करना शामिल है। उन्होंने प्रधानमंत्री मार्क कार्नी को शुभकामनाएं भी भेजीं, जिनसे एक दिन पहले उनकी फोन पर बात हुई थी।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बताया कि सीईपीए बातचीत का पांचवां दौर करीब एक हफ्ते पहले ओटावा में हुआ और दोनों पक्ष “परस्पर लाभकारी सीईपीए” के लिए प्रतिबद्ध हैं। दोनों तरफ के अधिकारियों ने 2026 के अंत तक समझौता पूरा करने का लक्ष्य रखा है। कार्नी के कार्यालय के मुताबिक दोनों नेता 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार दोगुना करने के लक्ष्य का समर्थन करना चाहते हैं।

खबरों के मुताबिक वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने कनाडा के अंतरराष्ट्रीय व्यापार मंत्री मनिंदर सिद्धू से भी मुलाकात की, जो करीब 300 लोगों के कारोबारी प्रतिनिधिमंडल के साथ भारत आए हैं।

जयशंकर से बातचीत

विदेश मंत्रालय ने बताया कि जयशंकर और आनंद ने सुरक्षा और रक्षा सहयोग, ऊर्जा, व्यापार, शिक्षा, विज्ञान और तकनीक, और बहुपक्षीय मंचों पर साथ काम की समीक्षा की। दोनों ने “दोनों देशों के बीच उच्च स्तरीय संपर्क की रफ्तार बनाए रखने और उसे ठोस नतीजों में बदलने” पर ज़ोर दिया और “रचनात्मक और भविष्योन्मुखी साझेदारी” की बात कही।

बाद में जयशंकर ने एक्स पर लिखा, “आज नई दिल्ली में कनाडा की विदेश मंत्री @AnitaAnandMP से मिलकर खुशी हुई। हमारे नेतृत्व के मार्गदर्शन और सरकार व उद्योग के बीच लगातार जुड़ाव से हम अपनी रणनीतिक साझेदारी आगे बढ़ा रहे हैं।”

आनंद ने कहा कि एक साल पहले की दिल्ली यात्रा के बाद से हुई प्रगति से वे उत्साहित हैं। उन्होंने लिखा, “इस रिश्ते की अहमियत इसमें है कि हमारे दोनों देश मिलकर क्या हासिल कर सकते हैं।” उन्होंने व्यापार वार्ता और ऊर्जा, नवाचार व सुरक्षा में बढ़ते सहयोग का ज़िक्र किया।

आगे का दौरा

विदेश मंत्रालय के मुताबिक जून 2025 के बाद यह आनंद का तीसरा भारत दौरा है। वे मंगलवार को पहुंची थीं और यहां से संयुक्त अरब अमीरात जाएंगी, जहां 16 अक्टूबर को उनका दौरा खत्म होगा।

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