राज्यत्रिपुरा
पुनर्वास की मांग पर त्रिपुरा में हाईवे जाम करने वाले छह पूर्व उग्रवादी गिरफ्तार
आत्मसमर्पण कर चुके एनएलएफटी और एटीटीएफ कैडर शनिवार सुबह हताईकोतर में राष्ट्रीय राजमार्ग पर बैठ गए। सड़क खाली कराते समय दो पुलिसकर्मी घायल हुए।

मुख्य बातें
- करीब 16 आत्मसमर्पित उग्रवादियों ने उचित पुनर्वास की मांग पर हाईवे जाम किया।
- सड़क खाली कराने के दौरान हाथापाई में दो पुलिसकर्मी घायल हुए।
- अदालत ने गिरफ्तार छह लोगों को 31 अक्टूबर तक न्यायिक हिरासत में भेजा।
त्रिपुरा पुलिस ने शनिवार को छह आत्मसमर्पित उग्रवादियों को गिरफ्तार किया। पूर्व उग्रवादियों के एक समूह ने उचित पुनर्वास की मांग को लेकर पश्चिम त्रिपुरा जिले के हताईकोतर में राष्ट्रीय राजमार्ग जाम कर दिया था।
नेशनल लिबरेशन फ्रंट ऑफ त्रिपुरा (एनएलएफटी) और ऑल त्रिपुरा टाइगर फोर्स (एटीटीएफ) के करीब 16 पूर्व कैडर, कक्लाइजॉय त्रिपुरा के नेतृत्व में, शनिवार सुबह सड़क पर बैठ गए। जरूरी सामान ले जा रहे वाहन दोनों ओर फंस गए।
कार्यकारी मजिस्ट्रेट अराजित देबबर्मा ने त्योहार का हवाला देते हुए उनसे जाम हटाने को कहा। जब वे नहीं माने, तो उन्होंने जमावड़े को गैरकानूनी घोषित कर सुरक्षा बलों को हाईवे खाली कराने का आदेश दिया।
पुलिस के मुताबिक जब उन्हें हटाने की कोशिश की गई तो प्रदर्शनकारी भड़क गए और बल प्रयोग किया। सड़क खाली होने से पहले हुई हाथापाई में दो पुलिसकर्मी घायल हो गए।
पुलिस प्रवक्ता राजदीप देब ने बताया कि हाईवे जाम करने और सुरक्षाकर्मियों पर आपराधिक बल प्रयोग के आरोप में छह आत्मसमर्पित उग्रवादियों के खिलाफ पुलिस ने खुद मामला दर्ज किया। सभी छह को गिरफ्तार कर स्थानीय अदालत में पेश किया गया, जिसने उन्हें 31 अक्टूबर तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
पुलिस ने यह नहीं बताया कि यह समूह किस तरह का पुनर्वास चाहता है या वह किन वादों के पूरे न होने की बात कह रहा है।