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दम्माम एयरपोर्ट हमले में एक भारतीय की मौत, भारत ने सऊदी हमलों की निंदा की

विदेश मंत्रालय ने दम्माम हवाई अड्डे और शायबा तेल क्षेत्र पर हमलों को 'पूरी तरह अस्वीकार्य' बताया। इन हमलों में एक भारतीय की मौत हुई और तीन घायल हुए।

संपादकीय डेस्क से · नई दिल्लीप्रकाशित
सऊदी अरब के रब अल खाली रेगिस्तान में एक तेल शिविर, जहाँ शायबा क्षेत्र है (फ़ाइल फ़ोटो)
सऊदी अरब के रब अल खाली रेगिस्तान में एक तेल शिविर, जहाँ शायबा क्षेत्र है (फ़ाइल फ़ोटो)Photo: Qafilah Magazine / Wikimedia Commons, Public domain

मुख्य बातें

  1. दम्माम के किंग फहद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हमले में एक भारतीय की मौत, दो घायल हुए।
  2. सऊदी अरामको के शायबा तेल क्षेत्र पर हमले में एक और भारतीय घायल हुआ।
  3. विदेश मंत्रालय ने कहा कि नागरिक ढांचे पर हमले तुरंत बंद होने चाहिए।

भारत ने गुरुवार को सऊदी अरब पर हुए ताज़ा हमलों की निंदा की। दम्माम हवाई अड्डे और सऊदी अरामको के एक तेल क्षेत्र पर हुए इन हमलों में एक भारतीय नागरिक की मौत हो गई और तीन अन्य घायल हुए।

विदेश मंत्रालय ने बताया कि 21 अक्टूबर को दम्माम के किंग फहद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हुए हमले में एक भारतीय की जान गई और दो घायल हुए। उसी दिन देश के पूर्वी प्रांत के रेगिस्तान में स्थित शायबा तेल क्षेत्र पर अलग हमले में एक और भारतीय घायल हुआ।

मंत्रालय ने कहा, “हम सऊदी अरब में नागरिक और ऊर्जा ढांचे पर लगातार हो रहे हमलों की कड़ी निंदा करते हैं।” उसने आगे कहा, “हम दोहराते हैं कि नागरिक और महत्वपूर्ण ढांचे पर हमले पूरी तरह अस्वीकार्य हैं और इन्हें तुरंत बंद होना चाहिए।”

मंत्रालय ने मृतक के परिवार के प्रति संवेदना जताई और घायलों के जल्द ठीक होने की कामना की। उसने कहा, “हम सऊदी अरब साम्राज्य की जनता और सरकार के साथ एकजुटता से खड़े हैं।” रियाद में भारतीय दूतावास सऊदी अधिकारियों के संपर्क में है और प्रभावित लोगों को हरसंभव मदद देगा। पीड़ितों के नाम सार्वजनिक नहीं किए गए हैं।

दो हफ्ते में दूसरी मौत

इस महीने यह दूसरी बार है जब किसी सऊदी हवाई अड्डे पर हमले में किसी भारतीय की जान गई है। 10 अक्टूबर को रियाद के किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हमले में मोहम्मद यूसुफ अली की मौत हुई थी और 11 भारतीय घायल हुए थे। तब विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा था, “हम नागरिक ढांचे पर ऐसे सभी हमलों की निंदा करते हैं और इन्हें तुरंत रोकने की मांग करते हैं।”

गुरुवार के बयान की भाषा पहले से सख्त रही। इसमें हमलों को “पूरी तरह अस्वीकार्य” कहा गया और ऊर्जा ढांचे का साफ तौर पर ज़िक्र किया गया। सऊदी अरब भारत के सबसे बड़े कच्चे तेल आपूर्तिकर्ताओं में है और वहां विदेश में बसे सबसे बड़े भारतीय समुदायों में से एक रहता है। अरामको के ठिकानों पर हमले दोनों पर सीधा असर डालते हैं।

बयान में यह नहीं बताया गया कि ताज़ा हमले किसने किए।

आगे क्या

रियाद हमले के बाद से दूतावास भारतीय नागरिकों के लिए परामर्श जारी कर रहा है और भारतीय एयरलाइंस कई बार सऊदी शहरों की उड़ानें रोक चुकी हैं। दम्माम हमले के बाद नई दिल्ली ने भारतीय समुदाय के लिए अपनी सलाह में किसी बदलाव की घोषणा नहीं की है। मंत्रालय की अगली साप्ताहिक ब्रीफिंग में खाड़ी में भारतीयों की सुरक्षा पर सवाल उठने की उम्मीद है।