LokVox

राजनीतिराज्यपाल

दुष्यंत गौतम को सिक्किम का राज्यपाल बनाने के खिलाफ इंडिया गेट पर धरने पर बैठे अंकिता भंडारी के माता-पिता

राहुल और प्रियंका गांधी भी दंपती के साथ बैठे, जो चाहते हैं कि बेटी की हत्या की सीबीआई जांच पूरी होने तक भाजपा नेता की नियुक्ति रोकी जाए। गौतम किसी भी भूमिका से इनकार करते हैं।

संपादकीय डेस्क से · नई दिल्लीप्रकाशित
भाजपा नेता और सिक्किम के मनोनीत राज्यपाल दुष्यंत गौतम तथा धरने में शामिल हुए राहुल गांधी (फ़ाइल फ़ोटो)
भाजपा नेता और सिक्किम के मनोनीत राज्यपाल दुष्यंत गौतम तथा धरने में शामिल हुए राहुल गांधी (फ़ाइल फ़ोटो)Photos: Nlengay / Wikimedia Commons; https://www.youtube.com/@rahulgandhi / Wikimedia Commons, CC BY-SA 4.0 and CC BY 3.0

मुख्य बातें

  1. अंकिता भंडारी के माता-पिता ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से दुष्यंत गौतम की नियुक्ति रोकने की अपील की।
  2. राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा बुधवार को इंडिया गेट के पास उनके धरने में शामिल हुए।
  3. गौतम ने आरोपों से इनकार किया है और आरोप लगाने वालों के खिलाफ मानहानि की कार्यवाही शुरू की है।

2022 में उत्तराखंड में मारी गई 19 साल की रिसेप्शनिस्ट अंकिता भंडारी के माता-पिता ने बुधवार को नई दिल्ली में इंडिया गेट के पास भाजपा नेता दुष्यंत कुमार गौतम को सिक्किम का राज्यपाल बनाए जाने के खिलाफ धरना दिया।

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा फुटपाथ पर उनके साथ बैठे। सामाजिक कार्यकर्ता योगिता भयाना भी मौजूद रहीं।

अंकिता की मां सोनी देवी ने रोते हुए कहा, “सीबीआई जांच पूरी होने तक दुष्यंत गौतम को राज्यपाल नहीं बनाया जाना चाहिए।” नियुक्ति की घोषणा वाले दिन का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, “12 तारीख को जब हमने यह खबर सुनी तो हमें गहरा दुख हुआ।” उनके पति वीरेंद्र सिंह भंडारी ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से नियुक्ति रोकने की अपील की। उन्होंने कहा, “दुष्यंत कुमार को सलाखों के पीछे होना चाहिए।”

अंकिता ऋषिकेश के पास वनंतरा रिजॉर्ट में काम करती थीं और 18 सितंबर 2022 को उनकी हत्या कर दी गई थी। रिजॉर्ट मालिक पुलकित आर्य, जो पूर्व भाजपा नेता विनोद आर्य के बेटे हैं, और दो कर्मचारियों को दोषी ठहराकर मई 2025 में उम्रकैद की सजा सुनाई गई। अंकिता का परिवार और कार्यकर्ता लंबे समय से आरोप लगाते रहे हैं कि अपराध से एक अज्ञात “वीआईपी” जुड़ा था, और इसमें बार-बार गौतम का नाम आया है। उनके खिलाफ आरोप साबित नहीं हुए हैं। उन्होंने इनसे इनकार किया है और आरोप लगाने वालों के खिलाफ मानहानि की कार्यवाही शुरू की है। अब सीबीआई मामले की जांच कर रही है।

कांग्रेस ने एक्स पर लिखा, “अंकिता का परिवार न्याय के लिए रो रहा है, जबकि भाजपा उसी व्यक्ति को इनाम दे रही है जिस पर उसके मामले में आरोप हैं।”

गौतम को इसी हफ्ते राज्यपालों के फेरबदल में सिक्किम का राज्यपाल बनाया गया। इसी फेरबदल में ओम प्रकाश माथुर को सिक्किम से केरलम भेजा गया।