ओपनएआई के कर्मचारी पर अधिकारियों के मीटिंग रूम में रिकॉर्डिंग डिवाइस छिपाने का आरोप
अमेरिकी संघीय अभियोजकों के मुताबिक प्रोडक्ट टीम के एक सदस्य ने सैन फ़्रांसिस्को दफ़्तर में टीवी के पीछे यह डिवाइस लगाई। एफ़बीआई ने कंपनी की तकनीक की हिफ़ाज़त को काउंटर-इंटेलिजेंस की प्राथमिकता बताया है।

मुख्य बातें
- अभियोजकों ने ओपनएआई की प्रोडक्ट टीम के सऊदी नागरिक अब्दुलरहमान अलफ़ोज़ान पर आरोप लगाए हैं।
- डिवाइस एक एग्ज़ीक्यूटिव कॉन्फ़्रेंस रूम में टीवी के पीछे लगी मिली।
- ओपनएआई का कहना है कि मॉडल वेट या ग्राहकों का डेटा ले जाने का कोई संकेत नहीं है।
ओपनएआई की प्रोडक्ट टीम के एक सदस्य पर अमेरिका में आरोप लगा है कि उसने कंपनी के सैन फ़्रांसिस्को दफ़्तर के एक एग्ज़ीक्यूटिव कॉन्फ़्रेंस रूम में चुपके से रिकॉर्डिंग डिवाइस लगा दी।
संघीय अभियोजकों ने कर्मचारी का नाम अब्दुलरहमान अलफ़ोज़ान बताया है। वे सऊदी नागरिक हैं और जुलाई 2025 में ओपनएआई से जुड़े थे। उन पर इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस से मौखिक बातचीत को इंटरसेप्ट करने का आरोप है, यानी लोगों की बातचीत उनकी अनुमति के बिना रिकॉर्ड करना। इस अपराध में पाँच साल तक की जेल हो सकती है।
ओपनएआई ने अलफ़ोज़ान को नौकरी से निकाल दिया और 9 अक्टूबर को उन्हें गिरफ़्तार किया गया। कंपनी को डिवाइस इससे करीब एक हफ़्ता पहले मिली थी और उसने एफ़बीआई को सूचना दी थी। मामला मंगलवार को सार्वजनिक हुआ।
टीवी के पीछे
अभियोजकों के मुताबिक डिवाइस कॉन्फ़्रेंस रूम में लगे एक टीवी के पिछले हिस्से के यूएसबी पोर्ट में लगाई गई थी। इसके बाद ओपनएआई ने वहाँ एक कैमरा लगाया, जिसमें कथित तौर पर अलफ़ोज़ान उसी जगह टीवी के पीछे झाँकते दिखे जहाँ डिवाइस छिपाई गई थी।
ओपनएआई ने कहा कि डिवाइस में “उन्नत एन्क्रिप्शन, ऑडियो निगरानी की क्षमता और डेटा भेजने का ऐसा तंत्र था जो निगरानी से बचने के लिए बनाया गया था।” कंपनी ने बताया कि उसने इसकी जाँच के लिए अपने ही एआई मॉडलों का इस्तेमाल किया। उसने यह नहीं बताया है कि कुछ रिकॉर्ड हुआ या नहीं।
एक्स पर एक पोस्ट में कंपनी ने कहा: “फ़िलहाल हमारे पास ऐसा कोई संकेत नहीं है कि इस व्यक्ति ने मॉडल वेट, सोर्स कोड या ग्राहकों के डेटा तक अनुचित पहुँच बनाई या उन्हें बाहर भेजा।” मॉडल वेट किसी एआई सिस्टम के प्रशिक्षित मानक होते हैं और उद्योग में सबसे कड़ी हिफ़ाज़त वाली संपत्तियों में गिने जाते हैं।
एफ़बीआई की ‘सबसे ऊँची’ प्राथमिकता
एफ़बीआई निदेशक काश पटेल ने कहा कि इस साज़िश का मक़सद “कंपनी की सुपर इंटेलिजेंस तकनीक से जुड़ी संवेदनशील बातचीत को पकड़ना” था।
पटेल ने कहा, “अमेरिकी एसआई इनोवेशन की रक्षा हमारे देश की आर्थिक ताक़त और राष्ट्रीय सुरक्षा की हिफ़ाज़त के लिए ज़रूरी है।” उन्होंने जोड़ा कि “एफ़बीआई इस मिशन को अपनी सबसे ऊँची काउंटर-इंटेलिजेंस प्राथमिकताओं में से एक मानती है।”
पटेल की टिप्पणियों के अलावा यह सार्वजनिक नहीं हुआ है कि रिकॉर्डिंग किसके लिए की जा रही थी। अलफ़ोज़ान और उनके वकील से टिप्पणी के लिए संपर्क नहीं हो सका।
दबाव में कंपनी
यह गिरफ़्तारी चैटजीपीटी बनाने वाली कंपनी की सुरक्षा और क़ानूनी परेशानियों में एक और कड़ी है। उसी दिन कैलिफ़ोर्निया के एक संघीय जज ने एपल के ट्रेड सीक्रेट मुक़दमे में ओपनएआई को एपल के पूर्व कर्मचारियों के इंटरव्यू से जुड़े रिकॉर्ड सौंपने का आदेश दिया। एपल का आरोप है कि उसके पूर्व कर्मचारी गोपनीय सामग्री अपने नए नियोक्ता के पास ले गए। ओपनएआई अपना खुद का उपभोक्ता हार्डवेयर डिवाइस बना रही है।