राज्यआंध्र प्रदेश
कुरनूल के देवरगट्टू में दशहरे की लाठी लड़ाई में एक की मौत, सौ से ज्यादा घायल
होलागोंडा मंडल के ग्रामीणों ने पुलिस के आदेश के बावजूद रात भर चलने वाला बन्नी उत्सव का संघर्ष किया, जिसमें आलूर के 28 साल के एक युवक की जान चली गई।

मुख्य बातें
- आधी रात के बाद हुए संघर्ष में आलूर के 28 वर्षीय पोताराजू की मौत हो गई।
- सौ से ज्यादा लोग घायल हुए, जिनमें करीब 10 की हालत गंभीर है।
- पहाड़ी मंदिर पर 1,000 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात थे।
आंध्र प्रदेश के कुरनूल जिले के देवरगट्टू में हर साल होने वाली लाठी लड़ाई में 28 साल के एक युवक की मौत हो गई और सौ से ज्यादा लोग घायल हो गए। ग्रामीणों ने पुलिस के आदेश के बावजूद बुधवार देर रात यह आयोजन किया।
मृतक की पहचान आलूर के पोताराजू के रूप में हुई है। करीब 10 घायलों की हालत गंभीर है और उन्हें आदोनी और आलूर के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। बाकी घायलों को आलूर के सरकारी अस्पताल ले जाया गया।
यह संघर्ष बन्नी उत्सव का मुख्य हिस्सा है, जो हर साल दशहरे के दौरान होलागोंडा मंडल में देवरगट्टू के माला मल्लेश्वर स्वामी मंदिर में होता है। आधी रात के बाद जुलूस निकलने पर लाठियां चलीं। ग्रामीण इस लड़ाई को परंपरा मानते हैं और पुलिस के आदेश को दरकिनार कर इसे किया।
कुरनूल, पड़ोसी जिलों और आसपास के राज्यों से हजारों दर्शक पहुंचे थे। 1,000 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात थे, लेकिन वे लड़ाई नहीं रोक सके। गुरुवार सुबह भी इलाके में तनाव बना रहा और अतिरिक्त पुलिस भेजी गई।
त्योहार की इस रात ने कुरनूल पुलिस का बोझ और बढ़ा दिया है, जो ग्रामीण स्थानीय निकाय चुनावों के तनावपूर्ण नामांकन भी संभाल रही है। गुरुवार को मंडल परिषद सीटों के नामांकन के दूसरे दिन आदोनी मंडल कार्यालय पर टीडीपी और वाईएसआरसीपी नेताओं में बहस हुई, जिसके बाद पुलिस ने दखल देकर दोनों गुटों को हटाया।
पुलिस ने अभी यह नहीं बताया है कि लाठी लड़ाई या मौत को लेकर कोई मामला दर्ज हुआ है या नहीं।