नीतिखाद्य कीमतें
पहली कांदा एक्सप्रेस 440 टन बफ़र प्याज़ लेकर अगरतला पहुंचेगी
प्याज़ से लदी ट्रेन 18 अक्टूबर तक पहुंचेगी। त्योहारों से पहले कीमतें काबू में रखने के लिए केंद्र पूर्वोत्तर में बफ़र स्टॉक जारी कर रहा है।

मुख्य बातें
- करीब 440 टन बफ़र प्याज़ 18 अक्टूबर तक रेल से अगरतला पहुंचेगा।
- यह प्याज़ त्रिपुरा के आठ में से सात ज़िलों में भेजा जाएगा।
- असम में प्याज़ की औसत खुदरा कीमत ₹54.30 प्रति किलो है, जबकि अखिल भारतीय औसत ₹53.07 है।
उपभोक्ता मामले विभाग ने शुक्रवार को बताया कि केंद्र के बफ़र स्टॉक से करीब 440 टन प्याज़ लेकर त्रिपुरा के लिए पहली कांदा एक्सप्रेस 18 अक्टूबर तक अगरतला पहुंचेगी।
यह प्याज़ राज्य के आठ में से सात ज़िलों, धलाई, दक्षिण त्रिपुरा, खोवाई, ऊनाकोटी, पश्चिम त्रिपुरा, गोमती और सिपाहीजला में बेचा जाएगा। विभाग ने कहा कि मकसद त्योहारों से पहले कीमतें किफ़ायती रखना है।
रेल और सड़क से पूर्वोत्तर तक
यह आपूर्ति मूल्य स्थिरीकरण कोष (पीएसएफ) के तहत जारी की जा रही है। इससे पहले कांदा एक्सप्रेस की दो रेकों से 840 टन और 452 टन प्याज़ इस क्षेत्र में भेजा गया था, और 44 ट्रकों से 1,513.46 टन और पहुंचाया गया। बफ़र प्याज़ अब तक असम के कामरूप और गुवाहाटी, त्रिपुरा के गोमती और सिपाहीजला, और नगालैंड के दीमापुर, कोहिमा, निउलैंड और चुमौकेदिमा पहुंच चुका है।
मंत्रालय ने कहा कि रेल और सड़क दोनों रास्तों से आखिरी छोर तक पहुंच बढ़ेगी, और ज़रूरत पड़ने पर बफ़र से और प्याज़ जारी करने पर विचार होगा।
कीमतों में नरमी
मंत्रालय के मुताबिक पिछले दो हफ़्तों में 211 शहरों में प्याज़ की खुदरा कीमत ₹1 से ₹13 प्रति किलो तक घटी है। असम के करीब 12 केंद्रों में ₹1 से ₹8 प्रति किलो की गिरावट दर्ज हुई।
असम में औसत खुदरा कीमत अब ₹54.30 प्रति किलो है, जबकि अखिल भारतीय औसत ₹53.07 है। दो साल पहले असम में यह ₹61.96 और देश में ₹54.13 थी, यानी अंतर ₹7.83 का था। खरीफ़ की आवक बढ़ने से अखिल भारतीय औसत मंडी भाव सितंबर में करीब ₹3,600 प्रति क्विंटल से घटकर अक्टूबर में करीब ₹3,300 पर आ गया है।
सरकार ने कहा कि वह प्याज़ की कीमतों, मंडियों में आवक और आपूर्ति पर करीबी नज़र रख रही है।