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राज्यपश्चिम बंगाल

एआई से बने पहचान पत्र के सहारे पुलिस अफसर बनकर रौब झाड़ने वाला व्यक्ति कोलकाता के पास गिरफ्तार

आरोप है कि उसने दमदम में बेलघरिया एक्सप्रेसवे पर ट्रैफिक पुलिसकर्मियों को धमकाया और घर जाने के लिए गाड़ी का इंतज़ाम करने को कहा। स्कैन करने पर उसका कार्ड फर्जी निकला।

संपादकीय डेस्क से · कोलकाताप्रकाशित
उत्तर 24 परगना में दमदम के पास बेलघरिया एक्सप्रेसवे (फ़ाइल फ़ोटो)
उत्तर 24 परगना में दमदम के पास बेलघरिया एक्सप्रेसवे (फ़ाइल फ़ोटो)Photo: seaview99 / Wikimedia Commons, CC BY-SA 2.0

मुख्य बातें

  1. आरोप है कि उस व्यक्ति ने बेलघरिया एक्सप्रेसवे के जीरो पॉइंट पर ट्रैफिक पुलिस से खुद को पुलिस अफसर बताया।
  2. स्कैन में पहचान पत्र फर्जी निकला, और उसने कथित तौर पर माना कि उसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से बनाया था।
  3. दमदम पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया और शनिवार को बैरकपुर की अदालत में पेश किया गया।

कोलकाता के उत्तरी छोर पर दमदम में पुलिस ने एक ऐसे व्यक्ति को गिरफ्तार किया है, जो कथित तौर पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से बनाए गए पहचान पत्र के सहारे खुद को पुलिस अफसर बता रहा था।

घटना शुक्रवार रात उत्तर 24 परगना जिले में बेलघरिया एक्सप्रेसवे के जीरो पॉइंट पर हुई। पुलिस के मुताबिक उस व्यक्ति ने निमता ट्रैफिक गार्ड के कर्मियों से कहा कि वे उसे घर पहुंचाने के लिए गाड़ी का इंतज़ाम करें। उसने खुद को पुलिस अफसर बताया और उन पर दबाव डाला, और जब उन्होंने बात नहीं मानी तो वह उन्हें धमकाता और गालियां देता रहा।

ट्रैफिक कर्मियों ने उससे पहचान पत्र दिखाने को कहा। स्कैन करने पर कार्ड फर्जी निकला। पूछताछ में उसने कथित तौर पर माना कि उसने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से यह कार्ड बनाया था। इसके बाद दमदम थाने के अधिकारियों ने उसे गिरफ्तार कर लिया।

बैरकपुर पुलिस कमिश्नरेट के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, “आरोपी को फर्जी पुलिस पहचान पत्र इस्तेमाल करने और रौब जमाने की कोशिश के लिए गिरफ्तार किया गया है।”

भारतीय न्याय संहिता के तहत मामला दर्ज किया गया है, और शनिवार को उसे बैरकपुर की एक अदालत में पेश किया गया। पुलिस ने कहा कि वह आगे की पूछताछ के लिए उसकी हिरासत मांगेगी।

जांचकर्ता यह पता लगाना चाहते हैं कि कार्ड कैसे बनाया गया, क्या उसने पहले भी इसका इस्तेमाल लोगों पर रौब जमाने या पैसे वसूलने के लिए किया था, और क्या किसी ने उसकी मदद की। आरोपी का नाम नहीं बताया गया है।